तेंदूपत्ता संग्रहण से पहले वैज्ञानिक शाख कर्तन पर प्रशिक्षण, मोहला में जुटे अधिकारी व संग्राहक

Hemkumar Banjare
मोहला । गांव की किसान खबरे
जिले में तेंदूपत्ता संग्रहण सत्र 2026 को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग तथा जिला लघु वनोपज संघ के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को मोहला में वृहद तेंदूपत्ता शाख कर्तन प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य आगामी सीजन में गुणवत्तापूर्ण तेंदूपत्ता उत्पादन सुनिश्चित करना और संग्राहकों को वैज्ञानिक पद्धति की जानकारी देना था।
        विशेषज्ञों ने बताया कि बसंत ऋतु में तेंदूपत्ता संग्रहण से पूर्व शाख कर्तन अनिवार्य प्रक्रिया है। यदि निर्धारित ऊंचाई और सही तकनीक से शाख कर्तन किया जाए तो भविष्य में निकलने वाले पत्तों की गुणवत्ता बेहतर होती है। इससे संग्राहकों को अधिक मूल्य प्राप्त होता है और उनकी आय में वृद्धि होती है।
       वनमंडलाधिकारी श्री दिनेश पटेल ने जानकारी दी कि पिछले दो वर्षों से जिले के लगभग 36 हजार संग्राहक परिवार प्रतिवर्ष 56 हजार मानक बोरा से अधिक तेंदूपत्ता का संग्रहण कर रहे हैं। संग्राहकों के खातों में ऑनलाइन माध्यम से प्रतिवर्ष 31 करोड़ रुपये से अधिक की राशि का सीधे हस्तांतरण किया गया है। इसके अलावा वर्ष 2025 में संग्राहक परिवारों की महिला मुखियाओं को चरण पादुका भी प्रदान की गई है।
           कार्यशाला में उपस्थित पुलिस अधीक्षक श्री यशपाल सिंह ने जंगलों में आग न लगाने और आग लगने की स्थिति में तुरंत बुझाने की अपील की। उन्होंने कहा कि आग से तेंदूपत्ता की गुणवत्ता प्रभावित होती है तथा वन्य प्राणियों और जन-धन की भी हानि होती है। जिला वन सभापति ने निर्देश दिया कि 15 मार्च तक अनिवार्य रूप से बूट कटाई पूर्ण कर ली जाए तथा प्रत्येक संग्राहक परिवार कम से कम 500 गड्डी तेंदूपत्ता का संग्रहण सुनिश्चित करे, जिससे उन्हें लघु वनोपज संघ द्वारा संचालित बीमा और छात्रवृत्ति योजनाओं का लाभ मिल सके। उप वनमंडलाधिकारी ने शाख कर्तन की सही ऊंचाई और समय की जानकारी देते हुए गर्मी के मौसम में जंगलों को आग से बचाने के लिए संयुक्त प्रयासों पर जोर दिया।    
         कार्यशाला में वन विभाग और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों सहित उप प्रबंध संचालक राजनांदगांव, परिक्षेत्र अधिकारी, डिप्टी रेंज ऑफिसर, बीट रेंज ऑफिसर, लघु वनोपज समिति प्रबंधक, फंड मुंशी तथा 250 से अधिक संग्राहक उपस्थित रहे।